तू केसे जाने की बातें करता है,
जब मुझको तुझमे रब दिखता है?
क्यूँ मेरे खुदा को?
यूँ ऐसे मेरे रहनुमां को
जो मेरी सांसो में है बसा,
मुझसे न जुदा कर
मत कर क्रिएट कोई सैड सीन
न मुझसे मेरी इबादतों को छीन......
तू केसे जाने की बातें करता है,
जब मुझको तुझमे रब दिखता है?
भरोसा है दोस्त
तुझपे, तेरे वादों पे ,
है यकीन तेरे अल्फाजो पर
तेरी मीठी सी मुस्कानों पर
मत कर क्रिएट कोई सैड सीन
न मुझसे मेरी परछाई को छीन......
तू केसे जाने की बातें करता है,
जब मुझको तुझमे रब दिखता है?
मेरे हर अहसास को तू ही तो जुबां देता है
रंगीन पंखो के मेरे तू ही तो हवा देता है,
तू हर जगह मेरे साथ-साथ खड़ा रहता है
तू हर बात में मुझे जीने की वजह देता है
कैसे कहूं की मुझे तुझ पर यकीं नहीं है?
तू मेरा दोस्त है,
और तू ही तकल्लुफ की बात करता है
क्यूँ सैड सीन को नम आँखों में पनाह देता है ?
क्यूँ आँखों के पानी को बाहर आने की वजह देता है?
रुक, ठहर और सोच जरा फिर चल
क्या मेरे बिना तेरा भी कट पायेगा एक पल?
तू केसे जाने की बातें करता है,
जब मुझको तुझमे रब दिखता है???????
जब मुझको तुझमे रब दिखता है?
क्यूँ मेरे खुदा को?
यूँ ऐसे मेरे रहनुमां को
जो मेरी सांसो में है बसा,
मुझसे न जुदा कर
मत कर क्रिएट कोई सैड सीन
न मुझसे मेरी इबादतों को छीन......
तू केसे जाने की बातें करता है,
जब मुझको तुझमे रब दिखता है?
भरोसा है दोस्त
तुझपे, तेरे वादों पे ,
है यकीन तेरे अल्फाजो पर
तेरी मीठी सी मुस्कानों पर
मत कर क्रिएट कोई सैड सीन
न मुझसे मेरी परछाई को छीन......
तू केसे जाने की बातें करता है,
जब मुझको तुझमे रब दिखता है?
मेरे हर अहसास को तू ही तो जुबां देता है
रंगीन पंखो के मेरे तू ही तो हवा देता है,
तू हर जगह मेरे साथ-साथ खड़ा रहता है
तू हर बात में मुझे जीने की वजह देता है
कैसे कहूं की मुझे तुझ पर यकीं नहीं है?
तू मेरा दोस्त है,
और तू ही तकल्लुफ की बात करता है
क्यूँ सैड सीन को नम आँखों में पनाह देता है ?
क्यूँ आँखों के पानी को बाहर आने की वजह देता है?
रुक, ठहर और सोच जरा फिर चल
क्या मेरे बिना तेरा भी कट पायेगा एक पल?
तू केसे जाने की बातें करता है,
जब मुझको तुझमे रब दिखता है???????
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